हमारे देश में मकान दुकान पुल और सड़के बनाने वाली मजदूरों का जीवन काफी कठिन होता है क्योंकि वे दिन भर धूप को बरसात या ठंड हो उन्हें कड़ी मेहनत करनी पड़ती है और और इस काम के दौरान अगर उनके साथ कोई हादसा हो जाता है जैसे कोई ऊंचाई से कृपया कोई एक्सीडेंट हो गया तो फिर उनके पूरे परिवार को इसका नुकसान उठाना पड़ता है क्योंकि उनके परिवार में परिवर्तन कमाने वाला नहीं होता है
इसीलिए महाराष्ट्र सरकार ने मजदूरों की सहायता करने के लिए अगर किसी अनहोनी होने पर उनके परिवार को आर्थिक संकट का सामना न करना पड़े इसके लिए Bandhkam Kamgar Jeevan Jyoti Bima Yojana शुरू कर गई है
यह योजना महाराष्ट्र इमारत और अन्य निर्माण श्रमिक कल्याण बोर्ड (MAHABOCW) द्वारा चलाई जाती है। इसका मुख्य उद्देश्य मजदूर की मृत्यु होने पर उसके परिवार को वित्तीय सहायता देना है ताकि मुसीबत के समय में उन्हें किसी के सामने हाथ न फैलाने को
इस योजना के मुख्य लाभ और मिलने वाली बीमा राशि
किस योजना के मुख्य रूप से कुछ लाभ दिए जाते हैं जो कि इस प्रकार से है इसमें आपको बीमा राशि भी दी जाती है
- सामान्य मृत्यु पर सहायता: यदि योजना के तहत पंजीकृत किसी मजदूर की सामान्य रूप से (जैसे बीमारी या प्राकृतिक कारणों से) मृत्यु हो जाती है, तो उसके परिवार या नामांकित व्यक्ति (नॉमिनी) को 2,00,000 रुपये (दो लाख रुपये) की आर्थिक सहायता दी जाती है।
- दुर्घटना में मृत्यु पर लाभ: यदि किसी मजदूर की काम के दौरान या किसी अन्य हादसे में दुर्घटनावश मृत्यु हो जाती है, तो भी सरकार उसके परिवार को संकट से उबारने के लिए 2,00,000 रुपये का बीमा क्लेम प्रदान करती है।
- सीधे बैंक खाते में ट्रांसफर: योजना के तहत मिलने वाली पूरी सहायता राशि बिना किसी दलाली के सीधे नामांकित व्यक्ति (नॉमिनी) के बैंक खाते में ट्रांसफर की जाती है।
- कम प्रीमियम: इस योजना की बीमा किस्त (प्रीमियम) बहुत ही मामूली होती है, जो की बिल्कुल ना के बराबर होती है क्योंकि इसका बड़ा हिस्सा सरकार खुद अपनी तरफ से देती है जिससे कि मजदूरों को इसका कोई बोझ ना पड़े क्योंकि वह पहले से ही काफी परेशान रहते हैं और अगर उन्हें पर बीमा की प्रीमियम में भरना पड़े तो उनके लिए यह एक चुनौती हो जाती है
योजना का लाभ लेने के लिए जरूरी योग्यता (Eligibility)
इस योजना का लाभ लेने के लिए आपको मुख्य रूप से कुछ योग्यता का पालन करना होगा जिसमें से एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया होगा अगर आप इसको पूरा करते हैं तो फिर आप भी इस योजना के पात्र होंगे
- महाराष्ट्र का निवासी: आवेदन करने वाले आवेदक को मुख्य रूप से महाराष्ट्र का मूल निवासी होना चाहिए तभी वह इस योजना का लाभ दे सकता है
- वास्तविक निर्माण मजदूर: आवेदक सचमुच में मजदूरी का काम (जैसे राजमिस्त्री, हेल्पर, बढ़ई, प्लंबर, पेंटर या लोहे का काम) करता हो।
- आयु सीमा: बीमा योजना का लाभ लेने के लिए मजदूर की उम्र कम से कम 18 वर्ष और अधिकतम 50 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
- 90 दिनों का कार्य अनुभव: मजदूर ने पिछले 12 महीनों (एक साल) के भीतर कम से कम 90 दिनों तक निर्माण श्रमिक के रूप में कार्य किया हो।
- एक्टिव पंजीकरण: मजदूर का पंजीकरण महाराष्ट्र इमारत और अन्य निर्माण श्रमिक कल्याण बोर्ड (MAHABOCW) में होना चाहिए और उसका लेबर कार्ड चालू (एक्टिव) होना अनिवार्य है।
Required Documents
इस योजना का लाभ लेने के लिए मजदूर के पास कुछ जरूरी दस्तावेज होना चाहिए तभी वह इस योजना का लाभ दे सकता है इसीलिए इनमें से जो जरूरी दस्तावेज है उनको बनवा दीजिए
1. नए रजिस्ट्रेशन के समय जरूरी कागजात:
- मजदूर का आधार कार्ड और पहचान पत्र।
- आयु प्रमाण पत्र (जैसे जन्म प्रमाण पत्र, स्कूल छोड़ने का सर्टिफिकेट या टीसी)।
- ठेकेदार, बिल्डर या ग्राम पंचायत के ग्राम सेवक द्वारा प्रमाणित 90 दिन काम करने का प्रमाण पत्र।
- महाराष्ट्र लेबर बोर्ड का पंजीकरण कार्ड (लेबर कार्ड)।
- मजदूर के बैंक खाते की पासबुक के पहले पन्ने की फोटोकॉपी (जिसमें खाता संख्या और IFSC कोड साफ हो)।
- आवेदक की पासपोर्ट साइज रंगीन फोटो।
2. मृत्यु के बाद बीमा क्लेम करने के लिए जरूरी दस्तावेज:
मृत्यु के बाद बीमा क्लेम करने के लिए आपके पास मृत्यु प्रमाण पत्र के साथ कुछ और भी जरूरी दस्तावेज होना चाहिए तभी आपको इस बीमा का क्रीम मिलेगा
- Death Certificate
- दुर्घटना में मृत्यु होने की स्थिति में पुलिस द्वारा दर्ज की गई एफआईआर (FIR) की कॉपी।
- सरकारी अस्पताल द्वारा तैयार की गई पोस्टमार्टम रिपोर्ट।
- नामांकित व्यक्ति (नॉमिनी) का आधार कार्ड और राशन कार्ड।
- नॉमिनी के बैंक खाते की पासबुक की फोटोकॉपी ताकि पैसा सीधे उनके खाते में भेजा जा सके।
योजना के लिए आवेदन और क्लेम करने की पूरी प्रक्रिया
इस योजना में अप्लाई करने के लिए तथा बीमा क्लेम को करने के लिए आपको नीचे दिए गए स्टेप्स को फॉलो करना होगा
ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया:
- सबसे पहले महाराष्ट्र लेबर बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट mahabocw.in पर जाएं।
- वेबसाइट पर जाकर ‘वर्कर्स रजिस्ट्रेशन’ वाले विकल्प को चुनें और अपना ऑनलाइन फॉर्म भरें।
- फॉर्म भरते समय ‘नॉमिनी’ (वारिस) का नाम और विवरण डालना बिल्कुल न भूलें, क्योंकि मजदूर के बाद बीमा राशि इसी व्यक्ति को मिलती है।
- अपने सभी जरूरी दस्तावेजों (आधार, बैंक पासबुक, 90 दिनों का सर्टिफिकेट) को स्कैन करके अपलोड करें और फॉर्म सबमिट कर दें।
ऑफलाइन आवेदन की प्रक्रिया:
- अगर आपको ऑनलाइन प्रक्रिया समझ में नहीं आता है तो फिर आप अपने पास के सरकारी श्रम कार्यालय (लेबर ऑफिस) में जा सकते हैं।
- इसके अलावा आप अपने शहर के पास की किसी भी महा-ई-सेवा केंद्र या कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर भी अपना फॉर्म भरवा सकते हैं।
मृत्यु के बाद क्लेम करने का तरीका:
- दुर्भाग्यवश किसी मजदूर की मृत्यु होने पर उसके परिवार को 30 से 90 दिनों के भीतर क्लेम फॉर्म भरकर जमा करना होता है।
- परिवार का कोई सदस्य लेबर ऑफिस में जाकर या किसी सीएससी सेंटर पर जाकर आवश्यक दस्तावेजों के साथ बीमा क्लेम करने का फॉर्म भर सकता है।
- इसके बाद गवर्नमेंट के द्वारा आपके लेबर कार्ड की और फॉर्म की जानकारी को वेरीफाई किया जाएगा और वेरिफिकेशन कंप्लीट हो जाने के बाद जो भी राशि होगी वह नॉमिनी के बैंक अकाउंट में ट्रांसफर कर दी जाएगी
निष्कर्ष
आज के समय में जिस परिवार में केवल एक व्यक्ति पैसे कमाने वाला होता है और वह मजदूरी करता है तो इसकी मुख्य रूप से जिम्मेदारी उसका परिवार चलाना होता है लेकिन अगर दुर्भाग्य बस पुरुष के साथ कुछ हो जाता है तो फिर उसके पूरे परिवार का पालन पोषण कौन करेगा उसको काफी ज्यादा दिक्कत तो परेशानी आती है जो की सरकार ने उसके परिवार की हार्दिक सहायता करने के लिए इस बीमा योजना को शुरू किया है जिससे कि मजदूर के हितों की रक्षा की जा सके और उनको भी समझ में बराबरी का दर्जा मिल सके